रुद्रपुर। हरेला पर्व के पावन अवसर पर शैल सांस्कृतिक समिति द्वारा शैल भवन परिसर में भव्य वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में समिति के सभी सदस्य, पदाधिकारी और शहर के पर्वतीय समुदाय के लोग बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
शैल परिषद हमेशा उत्तराखंड की पर्वतीय संस्कृति, परंपरा और धरोहर को संरक्षित करने और नई पीढ़ी तक पहुंचाने के लिए सक्रिय भूमिका निभाती आ रही है। इसी क्रम में आज हरेला पर्व के उपलक्ष्य में रुद्रपुर ही नहीं बल्कि पूरे उत्तराखंड को हरियाली और पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए विभिन्न प्रजातियों के पौधे रोपे गए।
इस अवसर पर समिति के सदस्यों ने एक-दूसरे को हरेला पर्व की शुभकामनाएं दीं और पारंपरिक रीति-रिवाजों का पालन करते हुए घरों में विशेष पकवान बनाए। कार्यक्रम में हरेला सर पर रखकर आशीर्वाद लिया गया और सुख-समृद्धि की कामना की गई।
शैल सांस्कृतिक समिति के संरक्षक श्री चंद्र बल्लभ घिल्डियाल अध्यक्ष गोपाल सिंह पटवाल ,महामंत्री एडवोकेट दिवाकर पांडे, उपाध्यक्ष सतीश ध्यानी , कोषाध्यक्ष दया किशन दनाई, राजेंद्र बोहरा, दिनेश बम, किशन मिश्रा, जगदीश बिष्ट, मुकुल उप्रेती, सतीश लोहनी , आदि सहित अन्य सभी पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने संयुक्त रूप से वृक्षारोपण किया और हरेला पर्व पर अपनी संस्कृति को संरक्षित रखने का संकल्प लिया।
“हरेला मनाएं, हरियाली बढ़ाएं – प्रकृति बचाएं, पीढ़ियां बचाएं!”
इस अवसर पर शैल सांस्कृतिक समिति की ओर से एक पर्यावरण संदेश भी दिया गया:
शैल परिषद ने सभी को हरेला पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं दीं और अधिकाधिक पौधे लगाने तथा उनकी देखभाल करने की अपील की।
हरेला: नई पीढ़ी के लिए चेतना का पर्व

